बाबा रामदेव का विवादित बयान- अगर कानून से हाथ बंधे नहीं होते तो काट देते अनगिनत सिर

Baba Ramdevs controversial statement and target on Asaduddin Owaisi over Bharat mata ki jai slogan

Baba Ramdev

नई दिल्‍ली/रोहतक: 'भारत माता की जय' बोलने को लेकर विवाद और गहराता जा रहा है। इस विवाद में अब योगगुरु बाबा रामदेव भी कूद पड़े हैं और उन्‍होंने भी विवादित बयान दिया है।
हरियाणा के रोहतक में एक कार्यक्रम के दौरान रामदेव ने भड़काऊ और विवादित बयान दिया है। उन्‍होंने बिना नाम लिए एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पर वार किया और कहा कि कुछ लोग कहते हैं कि सिर भी काट दो तो भी भारत माता की जय नहीं बोलूंगा। उन्हें ये नहीं पता कि अगर कानून से हाथ बंधे नहीं होते तो लाखों सिर धड़ से अलग कर देते। उन्होंने कहा कि आज कल कुछ लोग टोपी पहन कर ये कहते हैं कि चाहे सिर धड़ से अलग हो जाए वे भारत माता की जय नहीं बोलेंगे। लेकिन शायद उन्हें ये पता नहीं कि देश के कानून का सम्मान करते हैं। नहीं तो अगर कोई भारत माता का अपमान करे तो लाखों सिर धड़ से अलग कर सकते हैं। ‘भारत माता की जय’ के नारे पर चल रहे विवाद पर रामदेव ने कहा कि ‘भारत माता की जय’ कहना नागरिकों की उनके देश और मातृभूमि के प्रति आस्था को मजबूत बनाता है।
इस कार्यक्रम के दौरान रामदेव ने यह भी कहा कि जो मजहब 'भारत माता की जय' बोलने को सही नहीं मानता हो वह मजहब देश के हित में नहीं है। रामदेव रोहतक में सामाजिक सौहार्द के उद्देश्‍य को लेकर आयोजित एक कार्यक्रम में शिरकत करने पहुंचे थे। उन्होंने ओवैसी पर ऐसे निशाना साधा कि अब खुद ही विवादों की जड़ में आ गए।
गौर हो कि बीते महीने ओवैसी ने ‘भारत माता की जय’ नारे को लेकर आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के बयान को खारिज करते हुए कहा था कि उनकी गर्दन पर चाकू भी रख दिया जाए’ तब भी वह ‘भारत माता की जय’ नहीं बोलेंगे। भागवत ने ओवैसी के बयान से पहले कहा था कि नई पीढी को भारत माता की जय के नारे लगाना सिखाया जाना चाहिए।
दूसरी ओर, बीजेपी नेता मुख्‍तार अब्‍बास नकवी ने इस बयान को हेट स्‍पीच करार दिया। वहीं, जेडीयू नेता केसी त्‍यागी ने रामदेव के बयान को काफी आपत्तिजनक करार दिया। वह (रामदेव) जिस भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं वो विद्रोह की भाषा है। उन पर मुकदमा दर्ज होना चाहिए। वृंदा करात ने अपने बयान में कहा कि रामदेव हेट स्‍पीच बोल रहे हैं।  
इससे पहले, रोहतक में योगगुरु रामदेव ने बीते दिनों हरियाणा के लोगों को जाति आधारित मानसिकता से उपर उठकर एकजुट रहने की सलाह दी। हाल में राज्य में हुए आंदोलनों के मद्देनजर आयोजित किए गए ‘सद्भावना सम्मेलन’ का हिस्सा बने रामदेव ने कहा कि हरियाणा अपनी वीरता के किस्सों के लिए पहचाना जाता है। सौहार्दपूर्ण माहौल बनाने के लिए लोगों को एकजुट होकर रहना चाहिए। शांति और सामंजस्य से सभी समस्याओं का समाधान किया जा सकता है।
Source: Zee Media
Labels:

Post a Comment

News24x7

(c) News24x7

Contact Form

Name

Email *

Message *

Powered by Blogger.
Javascript DisablePlease Enable Javascript To See All Widget